Popular Posts

PM Modi ने घटाया अपने काफिले का आकार

प्रधानमंत्री Narendra Modi ने अपने काफिले का आकार कम कर दिया है। हाल ही में उनकी घरेलू यात्राओं के दौरान यह बदलाव देखने को मिला, जहां पहले की तुलना में काफिले में कम वाहन नजर आए। हालांकि सुरक्षा व्यवस्था में कोई कमी नहीं की गई है और SPG प्रोटोकॉल के अनुसार जरूरी इंतजाम बनाए रखे गए हैं।

सूत्रों के मुताबिक प्रधानमंत्री ने यह भी निर्देश दिया है कि जहां संभव हो, उनके काफिले में इलेक्ट्रिक वाहनों (EV) को शामिल किया जाए। खास बात यह है कि इसके लिए नए वाहन खरीदने के बजाय मौजूदा संसाधनों का इस्तेमाल करने पर जोर दिया गया है।

संसाधनों की बचत पर जोर

प्रधानमंत्री मोदी लगातार देशवासियों से ईंधन और संसाधनों की बचत करने की अपील कर रहे हैं। हाल ही में उन्होंने कहा था कि अनावश्यक खर्च और जरूरत से ज्यादा ईंधन खपत से बचना चाहिए। उनका मानना है कि देश को आत्मनिर्भर और मजबूत बनाने के लिए जिम्मेदार जीवनशैली अपनाना जरूरी है।

प्रधानमंत्री ने लोगों से स्थानीय उत्पादों को बढ़ावा देने और आयात पर निर्भरता कम करने की भी अपील की थी। उन्होंने कहा था कि अगर हर चीज के लिए विदेशों पर निर्भर रहेंगे तो देश आगे नहीं बढ़ पाएगा।

भाजपा शासित राज्यों में भी असर

प्रधानमंत्री के इस संदेश का असर अब भाजपा शासित राज्यों में भी दिखाई देने लगा है। दिल्ली की मुख्यमंत्री Rekha Gupta, राजस्थान के मुख्यमंत्री Bhajanlal Sharma और मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री Mohan Yadav ने भी अपने काफिलों में वाहनों की संख्या कम करने के निर्देश दिए हैं।

यूपी में योगी सरकार का फैसला

उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री Yogi Adityanath ने भी अपने और मंत्रियों के काफिलों में 50 प्रतिशत तक वाहन कम करने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने कहा कि अनावश्यक वाहनों का इस्तेमाल कम किया जाए और सार्वजनिक परिवहन को बढ़ावा दिया जाए।

योगी आदित्यनाथ ने प्रदेशवासियों से ईंधन की बचत करने, सोने की गैरजरूरी खरीद से बचने और ज्यादा से ज्यादा सार्वजनिक परिवहन इस्तेमाल करने की अपील भी की है।

मध्य प्रदेश में भी कटौती

मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री Mohan Yadav ने अपने काफिले को 13 वाहनों से घटाकर 8 वाहन कर दिया है। उन्होंने कहा कि सरकारी दौरों के दौरान सीमित वाहनों का ही उपयोग होगा और वाहन रैली जैसी गतिविधियों से बचा जाएगा।

राजस्थान सरकार का भी फैसला

राजस्थान के मुख्यमंत्री Bhajanlal Sharma ने भी सरकारी खर्च और ईंधन बचाने के लिए काफिले में कम वाहन रखने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने अधिकारियों से अनावश्यक वाहन उपयोग से बचने को कहा है।

क्यों लिया गया यह फैसला?

विशेषज्ञों का मानना है कि दुनिया में बढ़ते तनाव, तेल की ऊंची कीमतों और ऊर्जा संकट को देखते हुए सरकार अब ईंधन बचत पर ज्यादा ध्यान दे रही है। ईरान युद्ध और वैश्विक आर्थिक अनिश्चितताओं के बीच भारत भी संसाधनों के बेहतर इस्तेमाल पर फोकस कर रहा है।

सरकार का मानना है कि अगर सरकारी स्तर पर सादगी और बचत का संदेश जाएगा तो आम लोग भी इससे प्रेरित होंगे।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *